Mahashivratri 2025: महाशिवरात्रि पर भद्रा का रहेगा साया, कब और कैसे करें महादेव का जलाभिषेक, जानें शुभ मुहूर्त
देवों के देव महादेव के विवाह उत्सव का दिन कितना भव्य होगा, इसका अंदाजा लगाना मुश्किल है. वहीं, इस दिन किए गए सभी कार्य सिद्ध होते हैं, और इस दिन रुद्राभिषेक तथा महामृत्युंजय मंत्रों का जाप करने से अधिक लाभ प्राप्त होता है. लेकिन इस बार शिवरात्रि 26 फरवरी को मनाई जाएगी. जानें शुभ मुहूर्त.
पूर्णिया के पंडित मनोत्पल झा जानकारी देते हुए कहते हैं कि साल का सबसे खास और पवित्र दिन महाशिवरात्रि का होता है. इस दिन महादेव और माता पार्वती का विवाह उत्सव मनाया जाता है. उन्होंने बताया कि हर बार शिवरात्रि त्रयोदशी के बाद चतुर्दशी तिथि को मनाई जाती है. इस बार मिथिला पंचांग के अनुसार, 26 फरवरी 2025 को महाशिवरात्रि का व्रत मनाया जाएगा. इस दिन महाशिवरात्रि का व्रत रखने वाले श्रद्धालु 26 फरवरी को व्रत करेंगे और अगले दिन, 27 फरवरी को सुबह 8:23 बजे के बाद पारण करेंगे.
रुद्राभिषेक और महामृत्युंजय जाप का मिलता लाभ
पंडित मनोत्पल झा कहते हैं कि इस शिवरात्रि के मौके पर भद्रा का साया रहेगा लेकिन इसका कोई भी प्रभाव नहीं होगा. दरअसल, उन्होंने कहा कि जो खुद देवों के देव महादेव है उनका कौन क्या बिगाड़ सकता है. दुनिया के दाता महादेव और माता पार्वती का वार्षिक विवाह उत्सव है. वहीं इस दिन हमें महादेव और माता का पूजन करना चाहिए साथ ही रुद्राभिषेक और महामृत्युंजय का जाप करना चाहिए. हालांकि, उन्होंने कहा कि रुद्राभिषेक करने के लिए शिव वास का मुहूर्त होना बहुत जरूरी है. इस दिन से लेकर तीन दिन तक आसानी से रुद्राभिषेक महामृत्युंजय जाप कर सकते हैं. उन्होंने कहा कि 26 फरवरी महाशिवरात्रि के दिन बाबा बैद्यनाथ धाम में प्रतिष्ठा की जाती है.
रुद्राभिषेक के लिए जानें मुहूर्त और शिव वास
जहां तक रुद्राभिषेक की बात है, इसे करने से पहले पंचांग के अनुसार शिव वास देखा जाता है. शिव वास 25 फरवरी से सुबह 10:17 बजे के बाद शुरू हो जाता है और यह आगे भी जारी रहेगा. यदि कोई व्यक्ति रुद्राभिषेक करना चाहता है, तो वह 25 फरवरी को सुबह 10:00 बजे के बाद रुद्राभिषेक कर सकता है. इसके साथ ही, 26 फरवरी को महाशिवरात्रि का दिन है. इस दिन भी आप रुद्राभिषेक कर सकते हैं या महामृत्युंजय मंत्र का जाप कर सकते हैं. वहीं, 27 फरवरी को सुबह 8:23 बजे के बाद आप पुनः रुद्राभिषेक कर सकते हैं.
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